सामग्री पर जाएँ

उडंड

विक्षनरी से

प्रकाशितकोशों से अर्थ

[सम्पादित करें]

शब्दसागर

[सम्पादित करें]

उडंड ^१पु वि॰ [सं॰ उद्दण्ड] दे॰ 'उद्दण्ड' । उ॰—हे मन चेतनि बुद्धि हू चेतनि चित हू चेतनि आहि उडंडा ।—सुंदर॰ ग्रं॰, भा॰ २, पृ॰ ६४६ ।

उडंड ^२पु वि॰ [हीं॰ उड़ना] उड़नेवाला । उड़ता हुआ । उ॰— समरू बन रूव बधन्न दुनं । न फिरै तिन हथ्थन सीस षिनं । अति उंच उतंग तुरंग तुरं । धरि चषि गिलंद उडंद षुरं ।—पृ॰ रा॰ १२ । ३५ ।