सामग्री पर जाएँ

उदमानना

विक्षनरी से

प्रकाशितकोशों से अर्थ

[सम्पादित करें]

शब्दसागर

[सम्पादित करें]

उदमानना पु क्रि॰ अ॰ [सं॰ उन्मादन] उन्मत्त हाना । उ॰—मैं तुम्हरे मन की सब जानी । आपु सबै इतराति हौ दूषन हेतु स्याम को आनी । मेरे हरि कहँ दसहि बरस को तुमही जोबन मद उदमानी । लाज नहीं आवत इन लँग रन कैसे धौं कहि आवत बानी । । —सूर (शब्द॰) ।