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उरस्थ

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प्रकाशितकोशों से अर्थ

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शब्दसागर

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उरस्थ संज्ञा पुं॰ [सं॰] सेना का अग्र भाग । विशेष—कौटिल्य ने लिखा है कि पक्ष कक्ष तथा उरस्थ में पाँच धनुष का अंतर होना चाहिए । व्यूहरचना के प्रसंग में पक्ष, कक्ष तथा उरस्थ में भिन्न भिन्न प्रकरा की सेनाओं के रखने के नियम बताए गए हैं ।

उरस्थ ^१ वि॰ [सं॰]

१. वक्ष से संबंध रखनेवाला ।

२. वक्ष से आने या होनेवाला ।

३. जिसमें छाती का बल लगाया जाय ।

४. सबल वक्षवाला ।

५. अपने द्वारा पैदा । अपना उत्पादित ।

६. अपना जन्मा । आत्मज (संतान) ।