सामग्री पर जाएँ

कदर्थना

विक्षनरी से

प्रकाशितकोशों से अर्थ

[सम्पादित करें]

शब्दसागर

[सम्पादित करें]

कदर्थना संज्ञा स्त्री॰ [सं॰] [वि॰ कदर्थित]

१. दुर्गति । दुर्दशा । बुरी दशा । उ॰—(क) हा हा करै तुलसी दया निधान राम ऐसी काशी की कदर्थना कराल कलिकाल की ।—तुलसी (शब्द॰) । (ख) नरपिशाचों का नाश, दमन और उत्पीड़न देखकर समाज हर्ष विह्वल हो जाता है और वही महात्माओं की कदर्थना देखकर कलेजा थाम लेता है ।—रस क॰, पृ॰ २३ ।

२. कष्ट देना । सताना (को॰) ।

३. अरमान । तिरस्कार । अवहेलना । (को॰) ।