कफ्फ
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प्रकाशितकोशों से अर्थ
[सम्पादित करें]शब्दसागर
[सम्पादित करें]कफ्फ संज्ञा पुं॰ [सं॰ कफ] दे॰ 'कफ' उ॰—कबीर वैद बुलाइया, पकड़ि दिखाई बाहिं । बैद न बेदन जानही, कफ्फ करेजे माहिं ।—क॰ सा॰ सं॰, पृ॰ ७६ ।
कफ्फ संज्ञा पुं॰ [सं॰ कफ] दे॰ 'कफ' उ॰—कबीर वैद बुलाइया, पकड़ि दिखाई बाहिं । बैद न बेदन जानही, कफ्फ करेजे माहिं ।—क॰ सा॰ सं॰, पृ॰ ७६ ।