कुम्मेर
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प्रकाशितकोशों से अर्थ
[सम्पादित करें]शब्दसागर
[सम्पादित करें]कुम्मेर पु संज्ञा पुं॰ [सं॰ कुबेर] दे॰ 'कुबेर' । उ॰—रिषिन माँहि नारदहिं जषिन कुम्मेर भँडारी । जती कपी हनुमंत सती हरिचंद बिचारी । —सुंदर ग्रं॰, भा॰ १, पृ॰ १११ ।
कुम्मेर पु संज्ञा पुं॰ [सं॰ कुबेर] दे॰ 'कुबेर' । उ॰—रिषिन माँहि नारदहिं जषिन कुम्मेर भँडारी । जती कपी हनुमंत सती हरिचंद बिचारी । —सुंदर ग्रं॰, भा॰ १, पृ॰ १११ ।