सामग्री पर जाएँ

कूँथना

विक्षनरी से

प्रकाशितकोशों से अर्थ

[सम्पादित करें]

शब्दसागर

[सम्पादित करें]

कूँथना पु † ^१ क्रि॰ अ॰ [सं॰ कुन्थन = दुःख उठाना]

१. दु:ख से अस्पष्ट शब्दद मुँह से निकालना । कराहना ।

२. कबूतरों का गुटरगूँ करना । उ॰— गूढ़ गुहचरी चिरौ चुरी चहचर करैं कुँथत कपोत भट काम के कटक के । —देव (शब्द॰) ।