सामग्री पर जाएँ

गढ़न्त

विक्षनरी से

प्रकाशितकोशों से अर्थ

[सम्पादित करें]

शब्दसागर

[सम्पादित करें]

गढ़ंत ^१ वि॰ [हिं॰ गढ़ना] कल्पित । बनावटी (बात) । जैसे,— तुम्हारी गढ़ंत बातों पर कौन विश्वास करे ।

गढ़ंत ^२ संज्ञा स्त्री॰

१. बनावटी बात । कल्पित प्रसंग । मन की उपज । उ॰—(क) ये आख्यायिकाएँ मन की गढ़ंत नहीं हैं, सर्वथा सत्य हैं ।—सरस्वती (शब्द॰) । (ख) अभी चार दिन ही की बात है कि निवासीराम कायस्थ की गढ़ंत पर कैसा लंबा चौड़ा दस्तखत हमने कर दिया है ।—भारतेंदु ग्रं॰, भा॰ ३, पृ॰ ८२५ ।

२. कुश्ती के तीन भेदों में से एक । विशेष—यह कुश्ती भैसे, हाथी और भेड़े आदि की लड़ाई का अनुकरण है । पंजाबी और मथुरा के चौबै प्रायः गढ़ंत कुश्ती लड़ते हैं ।