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ग्रासना

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प्रकाशितकोशों से अर्थ

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शब्दसागर

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ग्रासना क्रि॰ स॰ [सं॰ ग्रास]

१. पकड़ना । धरना । निगलना । उ॰—ग्रासत चित्त गयंद को ग्राह जब आय । हरि प्यारे मन कमल लै नेही छुड़ाय ।—रसनिधि (शब्द॰) ।

२. कष्ट देना । सताना ।