सामग्री पर जाएँ

चरेरा

विक्षनरी से

प्रकाशितकोशों से अर्थ

[सम्पादित करें]

शब्दसागर

[सम्पादित करें]

चरेरा ^१ वि॰ [चरचर से अनु॰] [वि॰ स्त्री॰ चरेरी]

१. कड़ा और खुरदुरा

२. कर्कश । रूखा । उ॰—मधुप तुम कान्ह ही की कही क्यों न कही है । यह बतकही चपल चेरी को निपट चरेरिए रही है । —तुलसी (शब्द॰) ।

चरेरा ^२ संज्ञा पुं॰ [देश॰] एक प्रकार का पेड़ जो हिमालय की तराई और पूर्वी बंगाल में अधिकता से होता है । विशेष—इसके हीर की लकड़ी कुछ ललाई लिए हुए सफेद रंग की और बहुत मजबूत होती है । यह प्राय: इमारत के काम में आती है ओर इसके फलों से एक प्रकार का तेल भी निकलता है ।