सामग्री पर जाएँ

चारकाने

विक्षनरी से

प्रकाशितकोशों से अर्थ

[सम्पादित करें]

शब्दसागर

[सम्पादित करें]

चारकाने संज्ञा पुं॰ [हिं॰ चार +काना=मात्रा] चौसर या पासे का एक दाँव । विशेष— यह उस समय होता है जब नई बाजी के तीनो पासे इस प्रकार पड़ते हैं कि एक पासे में तो दो चित्ती और बाकी दोनों पासों में एक एक चित्ती ऊपर की ओर दिखाई पड़ती है ।