सामग्री पर जाएँ

जन्दरा

विक्षनरी से

प्रकाशितकोशों से अर्थ

[सम्पादित करें]

शब्दसागर

[सम्पादित करें]

जंदरा संज्ञा पुं॰ [सं॰ यन्त्र > हिं॰ जंतर > जदरा]

१. यंत्र । कल । मुहा॰—जंदरा ढीला होना = (१) कल पुर्जे बेकार होना । (२) हाथ पैर सुस्त होना । थकावट आना । नस ढीली होना ।

२. जाँता । जैसे, कुछ गेहुँ गीले, कुछ जंदरे ढीले । †

३. ताला ।