जिबह
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प्रकाशितकोशों से अर्थ
[सम्पादित करें]शब्दसागर
[सम्पादित करें]जिबह संज्ञा पुं॰ [अ॰ जब्ह] दे॰ 'जबह' । उ॰—मुरगी मुल्ला से कहै, जिबह करत है मोहिं । साहिब लेखा माँगसी, संकट परिहै तोहिं ।—संतवाणी॰, पृ॰ ६१ ।
जिबह संज्ञा पुं॰ [अ॰ जब्ह] दे॰ 'जबह' । उ॰—मुरगी मुल्ला से कहै, जिबह करत है मोहिं । साहिब लेखा माँगसी, संकट परिहै तोहिं ।—संतवाणी॰, पृ॰ ६१ ।