सामग्री पर जाएँ

तेवन

विक्षनरी से

प्रकाशितकोशों से अर्थ

[सम्पादित करें]

शब्दसागर

[सम्पादित करें]

तेवन ^१ संज्ञा पुं॰ [सं॰]

१. क्रीड़ा ।

२. वह स्थान, विशेषतः वन आदि जहाँ आमोदप्रमोद और क्रिड़ा हो । विहार । उपवन ।

३. नजरबाग । पाई बाग ।

तेवन पु ^२ क्रि॰ वि॰ [हिं॰] दे॰ 'त्यों' ^१ । उ॰—जैसे श्वान अपावन राजित तेवन लागी संसारी ।—कबीर मं॰, पृ॰ ३९१ ।