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त्रिवणी

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प्रकाशितकोशों से अर्थ

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शब्दसागर

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त्रिवणी संज्ञा पुं॰ [?] एक संकर रागिनी जो संकराभरण, जयश्री और नरनारायण के मेल से बनती है ।