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दिवाकीर्ति

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प्रकाशितकोशों से अर्थ

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शब्दसागर

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दिवाकीर्ति संज्ञा पुं॰ [सं॰]

१. नापित । नाऊ । नाई । हज्जाम । विशेष—प्राचीन काल में नाइयों को केवल दिन के समय ही नगर आदि में घूमने का अधिकार था, इसी से यह नाम पड़ा ।

२. चांडाल ।

३. उल्लू ।