सामग्री पर जाएँ

द्वयगबल

विक्षनरी से

प्रकाशितकोशों से अर्थ

[सम्पादित करें]

शब्दसागर

[सम्पादित करें]

द्वयगबल विभाग संज्ञा पुं॰ [सं॰] कौटिल्य द्वारा वर्णित वह व्यूह जिसके पक्ष में सैनिक, पार्श्व में हाथी, पीछे रथ और आगे शत्रु के व्यूह के अनुसार व्यूह बना हो ।