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द्वादशपवन

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प्रकाशितकोशों से अर्थ

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शब्दसागर

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द्वादशपवन संज्ञा पुं॰ [सं॰] हठयोग के अनुसार वह साँस जो बारह अंगुल तक प्रसारित होती है । उ॰— द्वादस पवन भर पीता । उलट घर शीश को चढ़ाना ।—रामानंद॰, पृ॰ ९ ।