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निरछेह

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प्रकाशितकोशों से अर्थ

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शब्दसागर

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निरछेह पु वि॰ [हिं॰ निर + छोह] बिना माया मोह का । बे- लगाव । जिसे ममता या स्नेह न हो । उ॰—दुइ अक्षर का सकल पसारा यामें कौन सनेहा । एके लागि सकल जगमोहया एक रहा निरछैहा ।—राम॰, धर्म॰, पृ॰ १३५ ।