सामग्री पर जाएँ

पंचक्षारगण

विक्षनरी से

प्रकाशितकोशों से अर्थ

[सम्पादित करें]

शब्दसागर

[सम्पादित करें]

पंचक्षारगण संज्ञा पुं॰ [सं॰ पञ्चक्षारगण] वैद्यक के अनुसार पाँच मुख्य क्षार या लवण—काचलवण, सैंधव, सामुद्र, विट् और सौवर्चल ।