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पंडुर

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प्रकाशितकोशों से अर्थ

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शब्दसागर

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पंडुर † ^१ संज्ञा पुं॰ [देश॰]

१. पानी मे रहनेवाला साँप । डेढ़हा । उ॰ —ऐसे हरि सों जगत लरतु है । पंडुर कतहूँ गरूड़ धरतु है ।—कबीर (शब्द॰) ।

पंडुर पु ^२ संज्ञा पुं॰ [सं॰ पण्डुर, प्रा॰ पंडुर] पीलापम । (भय आदि के कारण) शरीर का पीला या सुफेद हो जाना । पांडुर । उ॰ —भेद बचन तन षेद सुतन पंडुर चढ़ि आइय । उष्ट धरद्धर कंपि सु तन प्राक्रर जंभाइय ।—पृ॰ रा॰, १ । २७५ ।