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पतीजना

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प्रकाशितकोशों से अर्थ

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शब्दसागर

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पतीजना पु क्रि॰ अ॰ [हिं॰ प्रतित + ना (प्रत्य॰)] पति- आना । एतबार करना । भरोसा करना । विश्वास करना । प्रतीत करना । उ॰ (क) तब देवकी दीन ह्वै भाष्यो नृप को नाहिं पतीजै ।—सूर (शब्द) । (ख) बोल्यो विहँग विहाँस रघुवर बलि कहौ सुभाव पतीजै ।—तुलसी (शब्द॰) ।