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परपाकरत

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प्रकाशितकोशों से अर्थ

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शब्दसागर

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परपाकरत वि॰ [सं॰] जो स्वयं पंचयज्ञ करके दूसरे का दिया अन्न भोजन करके रहे । विशेष—मिताक्षरा के अनुसार ऐसे का अन्न भोजन करनेवाला ब्राह्मण को प्रायश्चित्त करना चाहिए ।