पेचताब
दिखावट
प्रकाशितकोशों से अर्थ
[सम्पादित करें]शब्दसागर
[सम्पादित करें]पेचताब संज्ञा पुं॰ [फा़॰] वह क्रोध जो बिवशता आदि के कारण प्रकट न किया जाय । वह गुस्सा जो मन ही मन में रह जाय और निकाला न जा सके । क्रि॰ प्र॰—खाना ।
पेचताब संज्ञा पुं॰ [फा़॰] वह क्रोध जो बिवशता आदि के कारण प्रकट न किया जाय । वह गुस्सा जो मन ही मन में रह जाय और निकाला न जा सके । क्रि॰ प्र॰—खाना ।