बेजवाल
दिखावट
प्रकाशितकोशों से अर्थ
[सम्पादित करें]शब्दसागर
[सम्पादित करें]बेजवाल ^१ वि॰ [फ़ा॰ बे + जवाल] अविनश्वर । जो न घटे बढ़े या न छीजे । उ॰— काम न आता दिसे ये मुल्को माल । देव मुझे या रब तूँ मिल्के बेजबाल ।—दक्खिनी॰, पृ॰१०५ ।
बेजवाल ^१ वि॰ [फ़ा॰ बे + जवाल] अविनश्वर । जो न घटे बढ़े या न छीजे । उ॰— काम न आता दिसे ये मुल्को माल । देव मुझे या रब तूँ मिल्के बेजबाल ।—दक्खिनी॰, पृ॰१०५ ।