भवधारा
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प्रकाशितकोशों से अर्थ
[सम्पादित करें]शब्दसागर
[सम्पादित करें]भवधारा संज्ञा स्त्री॰ [सं॰] विश्वप्रवाह । संसारचक्र । उ॰— भवधारा के भीतर भीतर चलनेवाली जो भावधारा है मनुष्य के हृदय को द्रवीभूत करके उसमें मिलानेवाली भावना माधुर्य की है ।— रस॰, पृ॰ ८७ ।