सामग्री पर जाएँ

भिद

विक्षनरी से

प्रकाशितकोशों से अर्थ

[सम्पादित करें]

शब्दसागर

[सम्पादित करें]

भिद संज्ञा पुं॰ [सं॰ भिद्] भेद । अंदर । उ॰—(क) सम सरूप के माहिं जहाँ समरूप जु निकरै । सो सारूप्प निबध नाहि भिद पहिलों उफरै ।—मतिराम (शब्द॰) । (ख) मोक्ष काम गुरु शिष्य़ लखि ताको साधन ज्ञान । वेद उत्त, भाषण लगे जीव ब्रह्म भिद भान ।—निश्चल (शब्द॰) ।