मालू
दिखावट
प्रकाशितकोशों से अर्थ
[सम्पादित करें]शब्दसागर
[सम्पादित करें]मालू संज्ञा स्त्री॰ [देश॰] एक प्रकार की बेल जो बागों में शोभा के लिये लगाई जाती है । विशेष—प्रायः सारे भारत मं यह बेल जंगली दशा में पाई जाती है । साल के जंगलों में यह बहुत अधिकता से होती है । यदि इसे छाँटा या रोका न जाय तो यह बहुत जल्दी बढ़ जाती है और वृक्षों को बहुत अधिक हानि पहुँचाती है । इसकी शाखाएँ सैकड़ों फुट तक पहुँचती हैं । इसकी छाल से रेशा निकाला जाता है और उससे रस्से आदि वनाए जाते हैं । इसकी पत्तियाँ और बीज औषध में काम आते हैं और बीज भूनकर खाए भी जाते हैं । इसकी पत्तियों के छाते भी बनाए जाते हैं ।