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मूरि

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प्रकाशितकोशों से अर्थ

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शब्दसागर

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मूरि पु संज्ञा स्त्री॰ [सं॰ मूल]

१. मूल । जड़ ।

२. जड़ी । बूटी । वनस्पति । जैसे, जीवनमूरि । उ॰—सूरदास प्रभु बिन क्यौं जीवों जात सजीवन मूरि ।—सूर (शब्द॰) ।