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लवली

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प्रकाशितकोशों से अर्थ

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शब्दसागर

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लवली संज्ञा स्त्री॰ [सं॰]

१. हरफारेवरी नाम का पेड़ और उसका फल जो खाया जाता है ।

२. एक विषम वर्णवृत्त जिसके प्रथम चरण में १६, दूसरे चरण में १२, तीसरे चरण में ८ और /?/ में २० वर्ण होते हैं । जैसे,—दनुज कुल अरि जग हित धरम धर्ता । साँचो अहहिं प्रभु जगत भर्ता । रामा अनुर सुहर्ता । सरवस तज मन भज नित प्रभ्र भवदपुखहर्ता ।