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श्रावणी

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प्रकाशितकोशों से अर्थ

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शब्दसागर

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श्रावणी संज्ञा स्त्री॰ [सं॰] श्रवण नक्षत्र से युक्त पूर्णिमा । सावन मास की पूर्णमासी । विशेष—इस दिन ब्राह्मणों का प्रसिद्ध त्योहार 'रक्षाबंधन्' या 'सलोनी' तथा कुछ और कृत्य या पूजन आदि होते हैं । इस दिन लोग यज्ञोपवीत का पूजन करते और नवीन यज्ञोपवीत भी धारण करते हैं ।

२. मुंडी । घुंडा ।

३. भुइँ कदंब ।

४. वृद्धि नामक अष्टवर्गीय ओषधि ।

५. ऋद्धि नामक अष्टवर्गीय ओषधी ।