सामग्री पर जाएँ

साँसा

विक्षनरी से

प्रकाशितकोशों से अर्थ

[सम्पादित करें]

शब्दसागर

[सम्पादित करें]

साँसा ^१ संज्ञा पुं॰ [सं॰श्वास, प्रा॰ सास]

१. साँस । श्वास । जैसे,— जबतक साँसा, तबतक आसा । (कहा॰) ।

२. जीवन । जिंदगी ।

३. प्राण ।

साँसा ^२ संज्ञा पुं॰ [हिं॰ साँसत]

१. घोर कष्ट । भारी पीड़ा । तकलीफ ।

२. चिंता । फिक्र । तरद्दुद । मुहा॰—साँसा चढ़ना = फिक्र होना । चिंता होना ।

साँसा ^३ संज्ञा पुं॰ [सं॰ संशय]

१. संशय । संदेह । शक ।

२. डर । भय । दहशत । मुहा॰—साँसा पड़ना = संशय होना । संदेह होना । उ॰— आवण का साँसा पडई । जाणि हीमालइ राजा गलिया हो जाई ।—बी॰ रासो, पृ॰ ४८ ।