सामग्री पर जाएँ

सामर

विक्षनरी से

प्रकाशितकोशों से अर्थ

[सम्पादित करें]

शब्दसागर

[सम्पादित करें]

सामर ^१ संज्ञा पुं॰ [सं॰ समर] दे॰ 'समर' ।

सामर ^२ वि॰ [सं॰]

१. समर संबंधी । समर का । युद्ध का ।

१. अमर अर्थात् देवताओं से युक्त ।

सामर पु ^३ संज्ञा पुं॰ [सं॰ शम्बर, सम्बर] एक मृग । दे॰ 'साँभर' । उ॰—सिंह कोल गज रीछ बहुत सामर बलवते ।—पृ॰ रा॰, ६ ।९४ ।

सामर † ^४ वि॰ [सं॰ श्यामल] दे॰ 'साँवरा', 'साँवला' ।