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सिङ्गुल

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प्रकाशितकोशों से अर्थ

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शब्दसागर

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सिंगुल पु संज्ञा पुं॰ [हि॰ सींग +उल (प्रत्य॰)] सींग । उ॰— पीत वरण आरक्त खुर सिर सिंगुल सुकुमार । कमलासन के आग्र अरि गो गोरुप पुकार — प॰ रासी, पृ॰७ ।