अकलुषित

विक्षनरी से
Jump to navigation Jump to search

हिन्दी

प्रकाशितकोशों से अर्थ

शब्दसागर

अकलुषित वि॰ [सं॰] जो कलुषित न हुआ हो । पवित्र । उ॰— फिरन चाहौं धरा पै मैं धरि अकलुषित पाँव । धरि ह्वैहै सेज मेरी, बास सूनो ठाँव ।—बुद्ध च॰, पृ॰ ८६ ।