आकुञ्चन

विक्षनरी से
यहाँ जाएँ: भ्रमण, खोज

हिन्दी[सम्पादन]

प्रकाशितकोशों से अर्थ[सम्पादन]

शब्दसागर[सम्पादन]

आकुंचन संज्ञा पुं॰ [सं॰ आकुञ्चन] [वि॰ आकुंचनीय आकुंचित]

१. सिकुड़ना । बटुरना । सिमटना । संकोच ।

२. वैशेषिक शास्त्र के अनुसार पाँच प्रकार के कर्मों में पदार्थों का सिकुड़न ।

३. ढेर लगाना [को॰] ।

४. टेढ़ा करना [को॰] ।

५. सेना का एक विशेष प्रकार का बढ़ाव [को॰] ।