ईठ

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हिन्दी[सम्पादन]

प्रकाशितकोशों से अर्थ[सम्पादन]

शब्दसागर[सम्पादन]

ईठ पु वि॰ संज्ञा पुं॰ [ सं॰ इष्ट, प्रा॰इट्ठ ]

१. जिसे चाहें । प्रिय । मित्र । सखा । उ॰—(क) यार दोस्त बोले जा ईठ ।— खूसरो (शब्द॰) । (ख) ज्यों क्यों हुँ न मिलै कहुँ केशव दोऊ ईठ ।- केशव (शब्द॰) । (ग) करै निरादार ईठ को निज गुमान गहि बाम ।-पद्माकर ग्रं॰ पृ॰१७७ ।

२. चेष्टा । यत्न । उ॰—केशव कैसहुँ ईठन दीठि है दीठ परे रति ईठ कन्हाई ।-केशव ग्रं॰, भा॰ १, पृ॰ ४६ ।