कँगही
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प्रकाशितकोशों से अर्थ
[सम्पादित करें]शब्दसागर
[सम्पादित करें]कँगही पु † संज्ञा स्त्री॰ [सं॰ कङ्कती, प्रा॰ कंकइ] दे॰ 'कंधी' । उ॰— कँगही के देत प्यारी कसकत मसकत, पुलकि ललकि तन स्वेद बरसत है ।—ब्रज॰, ग्रं॰ पृ॰ १४८ ।
कँगही पु † संज्ञा स्त्री॰ [सं॰ कङ्कती, प्रा॰ कंकइ] दे॰ 'कंधी' । उ॰— कँगही के देत प्यारी कसकत मसकत, पुलकि ललकि तन स्वेद बरसत है ।—ब्रज॰, ग्रं॰ पृ॰ १४८ ।