भक्तिराग

विक्षनरी से
Jump to navigation Jump to search


हिन्दी[सम्पादन]

प्रकाशितकोशों से अर्थ[सम्पादन]

शब्दसागर[सम्पादन]

भक्तिराग संज्ञा पुं॰ [सं॰]

१. भक्ति का पूर्वानुराग ।

२. पूर्ण रूपेण भक्ति में तल्लीन होना ।