मुझे

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हिन्दी[सम्पादन]

प्रकाशितकोशों से अर्थ[सम्पादन]

शब्दसागर[सम्पादन]

मुझे सर्ब [सं॰ मुह्यम्, प्रा॰ मज्झम] एक पुरुषवाचक सर्वनाम जो उत्तम पुरुष, एकवचन और उभयलिग है तथा वक्ता या उसके नाम की ओर संकेत करता है । यह 'मैं' का वह रूप है जो उसे कर्म और संप्रदान कारक में प्राप्त होता है । इसमें लगी हुई एकार की मात्रा विभक्ति का चिह्न है, इसलिये इसके आगे कारक चिह्न नहीं लगता । मुझको । जैसे,—(क) (क) मुझे वहाँ गए कई दिन हो गए । (ख) मुझे आज कई पत्र लिखने हैं ।