सुखेन
दिखावट
प्रकाशितकोशों से अर्थ
[सम्पादित करें]शब्दसागर
[सम्पादित करें]सुखेन ^१ संज्ञा पुं॰ [सं॰ सुषेण] दे॰ 'सुषेण' । उ॰—सुग्रीव विभी- षण जांबवत । अंगद केदार सुखेन संत ।—सूर (शब्द॰) । (ख) वरुन सुखेन सरत परजन्यहु । मारुत हनुमानहि उत- पन्यहु ।—पद्माकर (शब्द॰) ।
सुखेन ^२ क्रि॰ वि॰ [सं॰] सुखपूर्वक । सहर्ष । उ॰—जाहु सुखेन बनहि बलि जाऊँ । करि अनाथ जन परिजन गाऊँ ।—मानस, २ ।५७ ।